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Publish Date: August 14, 2025

आई.आई.टी. दिल्ली और वाधवानी फाउंडेशन द्वारा वाधवानी इनोवेशन नेटवर्क के अंतर्गत सेंटर फॉर एक्सीलेंस इन प्रिसीजन एन्ड पर्सनलाइज़्ड हेल्थकेयर का उद्घाटन

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ई.आई.टी. दिल्ली की प्रयोगशालाओं से अनुसंधान को शीघ्रता से वास्तविक दुनिया में रोगियों तक पहुँचाने की दिशा में कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) आधारित स्वास्थ्य प्रौद्योगिकी, जैव-प्रौद्योगिकी एवं जैव-अभियांत्रिकी के क्षेत्र में नवाचारात्मक उपलब्धियों को त्वरित करने हेतु साझेदारी

(फोटो: डब्ल्यू.आई.एन. (विन) सी.ओ.ई उद्घाटन समारोह, आर एंड आई पार्क, आई.आई.टी. दिल्ली)

नई दिल्ली: भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान दिल्ली (आई.आई.टी. दिल्ली) ने वाधवानी फाउंडेशन के सहयोग से वाधवानी इनोवेशन नेटवर्क  के अंतर्गत सेंटर फॉर एक्सीलेंस इन प्रिसीजन एन्ड पर्सनलाइज़्ड हेल्थकेयर का औपचारिक रूप से उद्घाटन किया है। यह केंद्र स्वास्थ्य नवाचार को आगे बढ़ाने की दिशा में पहले ही अपना कार्य आरंभ कर चुका है और भारत की तात्कालिक और विकसित होती चिकित्सा आवश्यकताओं की दिशा में काम करते हुए उच्च प्रभाव वाले अनुसंधान को बाज़ार के लिए तैयार समाधानों में शीघ्र रूपांतरित करने के लिए समर्पित है।

13 अगस्त 2025 को आई.आई.टी. दिल्ली के अनुसंधान एवं नवाचार पार्क में आयोजित उद्घाटन समारोह का नेतृत्व डॉ. अजय केला, सी.ई.ओ. एवं बोर्ड सदस्य, वाधवानी फाउंडेशन तथा प्रो. रंगन बनर्जी, निदेशक, आई.आई.टी. दिल्ली ने किया। इस अवसर पर भारत के नवाचार एवं स्वास्थ्य सेवा इकोसिस्टम से जुड़े अनेक प्रमुख व्यक्तित्व मसलन डॉ. शिवकुमार कल्याणरामन, सी.ई.ओ., अनुसंधान नेशनल रिसर्च फाउंडेशन; डॉ. तरुणा मदान, वैज्ञानिक ‘जी’ एवं अध्यक्ष, अनुसंधान एवं विकास प्रभाग, आई.सी.एम.आर.; श्री राजीव नाथ, फोरम कोऑर्डिनेटर, ए.आई.एम.ई.डी.; श्री गौतम भट्टाचार्य, सी.ई.ओ., जीवन विज्ञान क्षेत्र कौशल विकास परिषद; डॉ. निखिल अग्रवाल, प्रबंध निदेशक, फिट, आई.आई.टी. दिल्ली; तथा श्री गगन शर्मा, सी.ई.ओ., प्रॉक्समेड ऑस्ट्रेलिया उपस्थित रहे।

आई.आई.टी. दिल्ली स्थित डब्ल्यू.आई.एन. (विन) केंद्र मुख्यतः स्वास्थ्य प्रौद्योगिकियों पर केन्द्रित है। परियोजना के चरण 1 में पर्सनलाइज़्ड मेडिसिन एवं रीहैबिलिटेशन, बायो-इमेजिंग तथा डायग्नोस्टिक टूल्स के रूप में कृत्रिम बुद्धिमत्ता, वृद्ध एवं दिव्यांगजनों के लिए सहायक प्रौद्योगिकी, पर्सनलाइज़्ड इम्प्लांट्स एवं कम लागत वाले वेयरेबल्स तथा डायग्नोस्टिक टूल्स पर विशेष ध्यान दिया गया है। इस केंद्र का उद्देश्य एक ऐसा सहयोगात्मक मंच विकसित करना है, जहाँ शिक्षा, उद्योग जगत और सरकार मिलकर नवाचारों को प्रयोगशाला से बाज़ार तक शीघ्र पहुँचाने के लिए कार्य करें, जिससे मरीज़ों को लाभ हो सके और वैश्विक स्वास्थ्य सेवा के क्षेत्र में भारत वैश्विक स्तर पर नेतृत्व कर सके

यह केंद्र वाधवानी फाउंडेशन द्वारा राष्ट्रीय साझेदारों के सहयोग से भारत के नवाचार इकोसिस्टम को सुदृढ़ करने के लिए रु. 1,400 से अधिक करोड़ के निवेश का हिस्सा है। इस राष्ट्रव्यापी पहल की घोषणा प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने 29 अप्रैल 2025 को युग्म इनोवेशन कॉन्क्लेव के दौरान की जिसमें देश के प्रमुख संस्थानों के अनेक उत्कृष्टता केंद्र शामिल हैं। इन केन्द्रों का उद्देश्य सेमीकंडक्टर्स, क्वांटम टेक्नॉलजी, स्पेस टेक, एडवांस्ड कंप्यूटिंग तथा स्वास्थ्य सेवा जैसे रणनीतिक क्षेत्रों पर विशेष ध्यान केंद्रित करना है।

डॉ. अजय केला, सी.ई.ओ. एवं बोर्ड सदस्य, वाधवानी फाउंडेशन ने कहा, “भारत के पास वैज्ञानिक प्रतिभा का एक गहरा और समृद्ध भंडार है, किंतु अनुसंधान प्रयोगशाला से सामाजिक प्रभाव तक की यात्रा अब तक अत्यंत धीमी रही है। आई.आई.टी. दिल्ली में विन सेंटर के माध्यम से हम हम इस अंतर को पाटने की दिशा में कार्य कर रहे हैं तथा स्वास्थ्य-सेवा क्षेत्र के नवाचारों के लिए एक सशक्त मंच का निर्माण कर रहे हैं, जो तीव्र गति से विस्तार कर जीवन-रक्षा में महत्वपूर्ण योगदान दे सके। यह हमारे सहयोगियों के साथ मिलकर भारत को अनुसंधान के व्यावसायीकरण में वैश्विक स्तर पर अग्रणी बनाने की  दिशा में रु.1,400 करोड़ से अधिक निवेश की व्यापक प्रतिबद्धता का हिस्सा है।”

प्रो. रंगन बनर्जी, निदेशक, आई.आई.टी. दिल्ली ने कहा, “विन सेंटर के माध्यम से आई.आई.टी. दिल्ली जैव चिकित्सा प्रौद्योगिकियों, कृत्रिम बुद्धिमत्ता और इंजीनियरी में अपनी विशेषज्ञता का उपयोग ठोस स्वास्थ्य नवाचारों- जिसमें प्रिसीजन डायग्नोस्टिक्स और व्यक्तिगत उपचार से लेकर किफ़ायती चिकित्सा उपकरण शामिल हैं- को साकार करने की दिशा में करेगा। हमारा उद्देश्य ऐसे समाधान विकसित करना है जो न केवल भारत की स्वास्थ्य संबंधी चुनौतियों का समाधान करे, बल्कि वैश्विक स्तर पर भी नए मानक स्थापित करे।”

इस उद्घाटन के साथ वाधवानी इनोवेशन नेटवर्क ने भारत में उत्कृष्टता केंद्रों के एक संगठित इकोसिस्टम के निर्माण के अपने मिशन को और सुदृढ़ किया है, इस मिशन का उद्देश्य देश की ‘इनोवेशन पावरहाउस’ बनने की यात्रा को गति प्रदान करना है।

डॉ. शीर्षेन्दु मुखर्जी, प्रबंध निदेशक – विन, वाधवानी फाउंडेशन ने कहा कि ‘यह केंद्र न केवल अत्याधुनिक अनुसंधान एवं विकास को प्रोत्साहित करेगा, बल्कि नवप्रवर्तकों को मेंटरशिप, बाज़ार तक पहुँच और व्यावसायीकरण के मार्ग भी प्रदान करेगा। हमारा उद्देश्य बहु-विषयक विशेषज्ञता को एक मंच पर लाकर सटीक एवं व्यक्तिगत स्वास्थ्य-सेवा के क्षेत्र में नवोन्मेषी उपलब्धियों को गति देना है, जिससे लाखों लोग लाभान्वित होंगे।’

प्रो. नीतू सिंह, प्रभारी प्रोफेसर, विन सी.ओ.ई., आई.आई.टी. दिल्ली ने कहा, “विन सेंटर को एक ऐसे सहयोगात्मक स्थान के रूप में डिज़ाइन किया गया है, जहाँ वैज्ञानिक, चिकित्सक, उद्यमी और उद्योग विशेषज्ञ मिलकर कार्य कर सकें। हम इसे एक ऐसे केंद्र के रूप में देखते हैं, जो साहसिक विचारों को सक्षम स्वास्थ्य उत्पादों और प्रौद्योगिकियों में रूपांतरित कर सके।”

वाधवानी फाउंडेशन के बारे में:

वाधवानी फाउंडेशन एक वैश्विक गैर-लाभकारी संगठन है, जिसका मुख्य उद्देश्य कौशल विकास, उद्यमिता, सरकारी डिजिटल रूपांतरण तथा नवाचार एवं अनुसंधान के क्षेत्रों में बड़ी पहलों के माध्यम से रोजगार सृजन को प्रोत्साहित कर आर्थिक विकास को गति देना है। सिलिकॉन वैली के उद्यमी डॉ. रोमेश वाधवानी द्वारा स्थापित यह फाउंडेशन वर्तमान में एशिया, अफ्रीका और लैटिन अमेरिका के अनेक देशों में अपने प्रभाव का विस्तार कर रहा है। यह संगठन नवाचार कार्यक्रमों के माध्यम से, नवीनतम प्रौद्योगिकी और व्यापक वैश्विक नेटवर्क का उपयोग करते हुए, आजीविका में सुधार और जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाने के लिए आवश्यक विश्वस्तरीय संसाधनों तक समान पहुँच को संभव बनाने की दिशा में कार्यरत है।

(वेबसाइट: www.wadhwanifoundation.org)

वाधवानी इनोवेशन नेटवर्क (विन) के बारे में:

वाधवानी इनोवेशन नेटवर्क (विन), वाधवानी फाउंडेशन की एक पहल है, जिसका उद्देश्य सरकारी एजेंसियों, शैक्षणिक संस्थानों और उद्योग के साथ साझेदारी को प्रोत्साहित करते हुए भारतीय शैक्षणिक अनुसंधान के व्यावसायीकरण को तीव्र गति प्रदान करना है। विन मुख्यत: भारत की आर्थिक प्रगति और वैश्विक प्रतिस्पर्धात्मकता के लिए अत्यंत महत्त्वपूर्ण रणनीतिक क्षेत्रों पर केंद्रित है।

वाधवानी इनोवेशन नेटवर्क (विन) – वाधवानी फाउंडेशन

  प्रकाशन तिथि: 14 अगस्त 2025